व्यापार

Blog single photo

वित्त मंत्री ने कहा 10 साल का विजन है बजट, 2024 तक घर-घर पहुंचेगा पानी

10/07/2019

प्रजेश शंकर 
नई दिल्ली, 10 जुलाई (हि.स.)। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बुधवार को लोकसभा में कहा कि सरकार का ये बजट नए भारत के निर्माण से जुड़ा अगले 10 साल का दृष्टि पत्र है। मोदी सरकार ने अपने पहले कार्यकाल में जिस तरह से देश के हर घर में बिजली पहुंचाने का काम किया है ठीक उसी तरह से साल 2024 तक गांवों के घर-घर में पाइप के जरिए पानी पहुंचाने का संकल्प है। 

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला आम बजट पांच जुलाई को पेश करने के बाद लोकसभा में बजट पर हुई विस्तृत चर्चा का उत्तर दिया। हालांकि इस दौरान विपक्ष ने वित्त मंत्री के बयान पर सवाल भी खडें किए। 

सवालों का जवाब देते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि हमारा लक्ष्य विनिर्माण के क्षेत्र को बढ़ावा देना है। वहीं, विनिवेश का लक्ष्य 1.05 लाख करोड़ रुपए रखने के प्रति हमारी सरकार प्रतिबद्ध है। वित्त मंत्री ने कहा कि हम प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) को बढ़ावा दे रहे हैं। ताकि, घरेलू उद्योगो को बढ़ावा देकर रोजगार के अवसर ज्यादा से ज्यादा उपलब्ध कराया जा सके।  

सीतारमण ने कहा कि बजट से सरकार के टैक्स रेवन्यू में इजाफा होगा। उन्होंने कहा कि जीएसटी लागू होने के बाद सरकार को यह दूसरा आम बजट है। केद्र सरकार की ओर से चलाई जा रही योजनाओ के लिए 82 हजार 845 करोड़ रुपए का आवंटन किया गया है। हालांकि वित्त मंत्री के उस बयान पर कांग्रेस के सांसद ने आपत्ति जताई, जिसमें उन्होंने खुद के टीचर कहा था। इसके बाद लोक सभा अध्यक्ष आोम बिरला ने कहा कि यदि कुछ अनुचित होगा तो उसे वह सदन की कार्यवाही से हटवा देंगे।   

वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार सार्वजनिक खर्च से समझौता किए बिना फिस्कल कंसोलिडेशन के रास्ते पर आगे बढ़ने के लिए प्रतिबद्ध है। सीतारमण ने कहा कि सराकर वित्त वर्ष 2019-20 में सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का 3.3 फीसदी राजकोषीय घाटे का लक्ष्य तय किया है। उन्होंने कहा कि इलेक्ट्रिक वाहन पर जो जीएसटी रेट 12 फीसदी से घटाकर 5 फीसदी के लिए जीएसटी काउंसिल का रुख करेंगे।    

सीतारमण ने कहा कि सरकार की योजना इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास को बढ़ावा देने की है जिस पर अगले 5 साल में 100 लाख करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। बजट पर चर्चा का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि सरकार ने 22 कमोडिटीज का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) बढ़ा दिया है। सीतारमण ने कहा कि सरकार ने वित्त वर्ष 2024-25 तक भारत को पांच लाख करोड़ (5 ट्रिलियन) डॉलर की इकोनॉमी बनाने के लिए कई कदम उठाए हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि सरकार मनरेगा और पीएमएवाई ग्रामीण के लिए फंड बढ़ा सकती है। 

हिन्दुस्थान समाचार


 
Top