राष्ट्रीय

Blog single photo

असम : पशु तस्कर का खुलासा- धंधे में मंत्री, नेता, नामचीन लोग भी हैं शामिल

08/11/2019

अरविंद राय

गुवाहाटी, 0नवम्बर (हि.स.)। पशु तस्करी के धंधे को बड़े पैमाने पर संचालित करने वाले शातिर मुन्ना सैकिया ने गिरफ्तारी के बाद पुलिस के सामने सनसनीखेज खुलासे किए हैं। उसने बताया है कि पशु तस्करी के धंधे में मंत्री, नेता, नामचीन लोग और गुवाहाटी का बड़ा मीडिया हाउस शामिल हैं। सभी की मिलीभगत से ही यह धंधा संचालित हो रहा है।

ज्ञातव्य है कि गुवाहाटी के रुक्मिणीगांव निवासी मुन्ना सैकिया उर्फ इक्रामुल हुसैन (41) मोस्ट वांटेड पशु तस्कर, सफेदपोश जमात में ऑल इंडिया लाइवस्टाक ट्रेडर्स एंड ट्रांसपोर्टर एसोसिएशन का अध्यक्ष और सचिव है। इसको पकड़ने के लिए दक्षिण सालमारा थाने की पुलिस पिछले लम्बे समय से पीछे पड़ी हुई थी। अंततः गुवाहाटी के मेघना लॉज से दक्षिण सलमारा पुलिस और गुवाहाटी पुलिस ने संयुक्त रूप से अभियान चलाकर गुरुवार रात गिरफ्तार कर लिया।

बताया गया है कि दक्षिण सालमारा-मनकाचार जिले की दक्षिण सालमारा पुलिस मुन्ना सैकिया के मोबाइल फोन को लगातार ट्रैक कर रही थी लेकिन हर बार वह पुलिस को चकमा दे जाता था। वह लगातार अपना स्थान बदल रहा था। मुन्ना सैकिया बिहार, पश्चिम बंगाल, हरियाणा समेत देश के विभिन्न राज्यों से पशुओं को ट्रकों में भरकर तस्करी करता रहा है।

उसने असम-पश्चिम बंगाल सीमा के छगलिया गेट से होते हुए असम के धुबड़ी और दक्षिण सलमारा-मनकाचार जिलों के अलावा पड़ोसी राज्य मेघालय होते हुए भारत की अंतरराष्ट्रीय सीमा को पार कर बांग्लादेश में पशु भेजने का बड़ा सिंडिकेट कायम कर रखा है। मोस्ट वांटेड पशु तस्कर को पकड़ने के लिए दक्षिण सालमारा थाना प्रभारी अबुल कलाम आजाद पिछले लम्बे समय से अभियान चला रहे थे, जिसमें उन्हें गुरुवार रात बड़ी सफलता मिली। दक्षिण सालमारा पुलिस ने बताया कि मुन्ना सैकिया की गिरफ्तारी के बाद राज्य में पशु तस्करी के बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ हो सकता है।

पुलिस के मुताबिक सैकिया ने पशु तस्करी का असम के धुबड़ी, बरपेटा, कोकराझार, दक्षिण सालमारा-मनकाचार जिलों के साथ ही मेघालय में भी एक बड़ा नेटवर्क खड़ा कर लिया है। अपने इसी नेटवर्क के जरिए ही वह प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में पशुओं को भारत से बांग्लादेश भेजने के कार्य करता है। बताया गया है कि एक पशु को बांग्लादेश भेजने के बदले तस्करों को तीन से सात हजार रुपये तक का मुनाफा होता है।

 गिरफ्तारी के बाद पशु तस्करी के आरोपित सैकिया ने मीडिया के समक्ष खुद को निर्दोष बताते हुए इस धंधे में पश्चिम बंगाल और असम के कई मंत्री, नेता के साथ प्रभावशाली व्यक्ति शामिल होने का आरोप लगाया है। उसने बताया कि प्रभावशाली लोगों के कारण ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया है।

साथ ही उसने बताया कि इस व्यवसाय में उसे उतारने के लिए गुवाहाटी के कुछ संवाद माध्यमों के लोगों ने मजबूर किया है। उसने दावा किया कि पशु तस्करी के सिंडिकेट में गुवाहाटी के एक प्रभावशाली संवाद माध्यम का हाथ है। हालांकि, उसने संवाद माध्यम का नाम उजागर नहीं किया। दक्षिण सालमारा पुलिस उसे अपने साथ ले गई है। मुन्ना सैकिया से मिली सूचनाओं के आधार पर पुलिस तस्करी के खेल में शामिल लोगों के धर-पकड़ का प्रयास कर रही है।

 

हिन्दुस्थान समाचार


 
Top