पाथरप्रतिमा विस्फोट मामले में फैक्ट्री मालिक गिरफ्तार
कोलकाता, 2 अप्रैल (हि.स.) । पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के पाथरप्रतिमा इलाके में हुए भयावह पटाखा विस्फोट मामले में पुलिस ने पटाखा फैक्ट्री मालिक चंद्रकांत बनिक को गिरफ्तार कर लिया है। मंगलवार सुबह पुलिस ने उसे हिरासत में लिया था और दिन भर की
चंद्रकांत बनिक


कोलकाता, 2 अप्रैल (हि.स.) । पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के पाथरप्रतिमा इलाके में हुए भयावह पटाखा विस्फोट मामले में पुलिस ने पटाखा फैक्ट्री मालिक चंद्रकांत बनिक को गिरफ्तार कर लिया है। मंगलवार सुबह पुलिस ने उसे हिरासत में लिया था और दिन भर की पूछताछ के बाद देर रात उसे गिरफ्तार किया गया। हालांकि, उसका भाई तुषार बनिक अब भी फरार है, जिसकी तलाश जारी है।

सोमवार रात पाथरप्रतिमा के ढोलाहाट थाना क्षेत्र में स्थित चंद्रकांत बनिक के घर में अवैध रूप से पटाखों का निर्माण हो रहा था। पुलिस सूत्रों के अनुसार, इलाके में बसंती पूजा के कारण बड़ी मात्रा में पटाखे बनाए जा रहे थे। इसी दौरान रात करीब 9 बजे वहां रखे पटाखों में अचानक आग लग गई। आग की लपटें घर में रखे गैस सिलेंडरों तक पहुंच गईं, जिससे एक के बाद एक सिलेंडर फटने लगे। विस्फोट इतना भीषण था कि पूरे इलाके में दहशत फैल गई। घर पूरी तरह जलकर खाक हो गया।

इस घटना में घर के अंदर सो रहे बच्चे और महिलाएं बाहर नहीं निकल सके। उनमें से अधिकांश जिंदा जल गए। पुलिस ने रात में ही सात लोगों की मौत की पुष्टि की जिनमें बच्चे भी शामिल थे। एक गंभीर रूप से घायल व्यक्ति को अस्पताल भेजा गया, लेकिन उसकी भी अगली सुबह मौत हो गई।

विस्फोट के तुरंत बाद चंद्रकांत और और उसके छोटे भाई तुषार बनिक फरार हो गए थे। मंगलवार सुबह पुलिस ने चंद्रकांत को पकड़ लिया और पूरे दिन पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया। हालांकि तुषार अब भी फरार है और पुलिस उसकी तलाश कर रही है।

घटना के बाद से ही इस अवैध फैक्ट्री के लाइसेंस को लेकर सवाल उठ रहे थे। इस संबंध में दक्षिण बंगाल के एडीजी सुप्रतीम सरकार ने बताया कि यह फैक्ट्री पिछले 10 वर्षों से चल रही थी, लेकिन इसकी कानूनी वैधता की जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि घर-घर जाकर पुलिस निगरानी नहीं कर सकती, लेकिन लोगों में जागरूकता की भी कमी है। उन्होंने यह भी कहा कि इस घटना के बाद पटाखा निर्माण से जुड़ी अवैध फैक्ट्रियों पर कड़ी नजर रखी जाएगी और सख्त कार्रवाई होगी।

हिन्दुस्थान समाचार / ओम पराशर