126 नवनियुक्त ग्राम पंचायत विकास अधिकारियों को  मिले नियुक्ति पत्र
देहरादून, 27 फरवरी (हि.स.)। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को मुख्यमंत्री आवास स्थित मुख्य सेवक सदन में पंचायतीराज विभाग के अंतर्गत 126 नवनियुक्त ग्राम पंचायत विकास अधिकारियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पिछले साढ
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी  मुख्यमंत्री आवास स्थित मुख्य सेवक सदन में पंचायतीराज विभाग के अन्तर्गत 126 नवनियुक्त ग्राम पंचायत विकास अधिकारियों को नियुक्ति पत्र कार्यक्रम में।


देहरादून, 27 फरवरी (हि.स.)। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को मुख्यमंत्री आवास स्थित मुख्य सेवक सदन में पंचायतीराज विभाग के अंतर्गत 126 नवनियुक्त ग्राम पंचायत विकास अधिकारियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पिछले साढ़े तीन वर्षों में 20 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी सेवाओं में रोजगार प्रदान किया गया है।

मुख्यमंत्री ने सभी अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह दिन आपके जीवन में एक नया अध्याय लेकर आया है। उन्होंने आशा व्यक्त करते हुए कहा कि नव चयनित अभ्यर्थी लोकतंत्र की सबसे महत्वपूर्ण इकाई ग्राम पंचायत के अभिन्न अंग बनकर गांवों का समग्र विकास सुनिश्चित करने की दिशा में कार्य करेंगे। राज्य के समग्र विकास के लिए गांवों का विकास जरूरी है। गांवों के विकास में एक ग्राम पंचायत विकास अधिकारी की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में देश का सबसे सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया गया है। इस कानून में सजा और जुर्माने के कठोर प्राविधान किये गए हैं। जब मेहनती और ईमानदार व्यक्ति अपनी लगन और मेहनत के दम पर कोई पद प्राप्त करता है, तो वह आम लोगों की पीड़ा और समस्याओं को समझकर ईमानदारी से अपना काम करता है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड को देश का अग्रणी राज्य बनाने के उद्देश्य से शहरों के साथ गाँवों के विकास पर भी प्राथमिकता के साथ कार्य कर रही है। राज्य में सख्त भू-कानून के लिए विधानसभा में विधेयक पारित हो चुका है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के निर्माण का सपना हमारे आन्दोलनकारियों ने इसलिए देखा था कि उत्तराखंड के अंतिम छोर पर खड़े हुए व्यक्ति तक विकास पहुंचे। सभी उत्तराखण्डवासी मिल जुलकर राज्य को आगे बढ़ाएं।

मुख्यमंत्री ने सभी उत्तराखंड वासियों से आग्रह किया कि किसी भी प्रकार के बहकावे में न आकर एक उत्तराखण्ड की भावना से मिलकर कार्य करें। उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि चाहे वे कोई भी हों, मंत्री हों, विधायक हों, सांसद हों या कोई आम उत्तराखंडी ही क्यों न हों, उत्तराखंड की एकता के साथ खिलवाड़ करने वालों को सरकार बिल्कुल भी माफ नहीं करेगी। आज के बाद सभी प्रकार के भड़काऊ बयानों को गंभीरता से लिया जाएगा और उत्तराखंड की अस्मिता से खिलवाड़ करने वालों पर सख्त कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी।

पंचायतीराज मंत्री सतपाल महाराज ने सभी नवचयनित ग्राम पंचायत विकास अधिकारियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि प्रदेश में डबल इंजन की सरकार की ओर से प्रदेश के सर्वांगीण विकास के लिए अनेक योजनाएं चलाई जा रही हैं। जनवरी 2025 में समान नागरिक संहिता लागू कर उत्तराखंड यह कानून लागू करने वाला देश का पहला राज्य बना है।

उन्होंने कहा कि पंचायतीराज विभाग की ओर से ग्राम पंचायतों में अवस्थापना सुविधाओं के तहत पंचायत भवनों का निर्माण, अतिरिक्त कक्षों का निर्माण कराये जा रहे हैं। विभाग की ओर से परिवार रजिस्टर, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, भवन निर्माण अनापत्ति प्रमाण पत्र ऑनलाइन निर्गत किये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि पंचायतों में कम्प्यूटीकरण का कार्य किया जा रहा है। आगामी दो वर्षों में सभी पंचायतों में कम्प्यूटर स्थापित किये जायेंगे।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, विधायक खजानदास, सविता कपूर, बृजभूषण गैरोला, एकल सदस्यीय समर्पित आयोग के अध्यक्ष बी.एस वर्मा, सचिव पंचायतीराज चन्द्रेश यादव, निदेशक पंचायतीराज निधि यादव उपस्थित थे।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार